ईरान के खिलाफ युद्ध के बीच अमेरिका की नई टेंशन, युद्धपोत USS अब्राहम लिंकन के नाविकों में निराशा, आत्महत्या के प्रयास का दावा

Sailors Tried To Jump Off US Warship: मध्य पूर्व में बढ़ते युद्ध और तनाव के बीच अमेरिकी नौसेना के सबसे शक्तिशाली विमानवाहक पोतों में से एक USS अब्राहम लिंकन को लेकर गंभीर और चिंताजनक दावे सामने आए हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, लंबे समय से समुद्र में तैनाती, घर से दूर रहने और जहाज पर कथित खराब परिस्थितियों के कारण कुछ नाविक मानसिक तनाव और निराशा से जूझ रहे हैं। कुछ रिपोर्टों में नाविकों द्वारा समुद्र में कूदकर आत्महत्या का प्रयास करने का दावा भी किया गया है।

250 दिनों से समुद्र में तैनात हैं हजारों सैनिक

USS अब्राहम लिंकन पर करीब 5,000 नाविक और मरीन तैनात हैं। यह युद्धपोत 21 नवंबर 2025 को सैन डिएगो से पैसिफिक डिप्लॉयमेंट के लिए रवाना हुआ था, लेकिन बाद में ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान के लिए इसे मध्य पूर्व की ओर भेज दिया गया।

रिपोर्टों के मुताबिक, जहाज पर तैनात सैनिक करीब 250 दिन समुद्र में गुजार चुके हैं। इस दौरान जहाज केवल दो बार रुका—दिसंबर में गुआम और जुलाई में ओमान में। मूल योजना के अनुसार जहाज को मई में वापस लौटना था, लेकिन सैन्य अभियान बढ़ने के कारण वापसी टल गई।

समुद्र में कूदने के प्रयास के दावे से परिवार चिंतित

कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया है कि लगातार बढ़ती तैनाती और मानसिक दबाव के कारण कुछ नाविकों ने समुद्र में कूदकर आत्महत्या करने की कोशिश की। एक मामले में कथित तौर पर एक नाविक को उसके साथी ने समुद्र में कूदने से बचाया।

इस बीच सैन डिएगो में करीब 200 सैन्य परिवारों की एक बैठक हुई, जहां परिवारों ने अधिकारियों के सामने अपनी चिंताएं और नाराजगी जाहिर की।

एक महिला ने दावा किया कि बार-बार तैनाती बढ़ाए जाने के कारण उनके पति मानसिक रूप से बेहद परेशान हो गए थे और उन्होंने समुद्र में कूदकर आत्महत्या करने का प्रयास किया।

एक अन्य महिला ने बताया कि उनके पति ने उन्हें संदेश भेजकर कहा था कि उन्हें डर है कि वह अगली सुबह जीवित नहीं उठ पाएंगे।

जहाज पर बुनियादी सुविधाओं को लेकर भी आरोप

डेमोक्रेटिक कांग्रेसमैन माइक लेविन और कुछ सैन्य परिवारों ने जहाज पर कथित खराब परिस्थितियों को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं।

उनके मुताबिक:

  • कुछ शौचालय और लॉन्ड्री सुविधाएं खराब हैं।
  • कुछ बाथरूम में फंगस और गर्म पानी की समस्या होने का दावा किया गया है।
  • सैनिकों को पर्याप्त भोजन नहीं मिलने का आरोप लगाया गया है।
  • साबुन, डियोडरेंट और टूथपेस्ट जैसी बुनियादी चीजों की कमी का भी दावा किया गया है।

अमेरिकी नौसेना ने दावों को किया खारिज

दूसरी ओर, अमेरिकी नौसेना ने आत्महत्या के प्रयासों और आत्महत्या संबंधी विचारों में बढ़ोतरी के दावों को खारिज किया है।

नौसेना के अधिकारियों के अनुसार:

  • जहाज पर आत्महत्या के मामलों में कोई वृद्धि दर्ज नहीं की गई है।
  • नाविकों की सहायता के लिए डिप्लॉयमेंट-रिजिलिएंस काउंसलर और पादरी उपलब्ध हैं।
  • जहाज पर स्वच्छ पानी, एयर कंडीशनिंग और पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।

मध्य पूर्व में तनाव के बीच लंबी तैनाती बनी चुनौती

ईरान के साथ जारी सैन्य तनाव के बीच USS अब्राहम लिंकन अमेरिकी नौसेना के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। हालांकि, लंबे समय तक घर से दूर रहने और वापसी की स्पष्ट तारीख नहीं होने से सैनिकों तथा उनके परिवारों पर मानसिक दबाव बढ़ने की चिंताएं सामने आई हैं।

नोट: नाविकों की आत्महत्या के प्रयास और जहाज की कथित खराब परिस्थितियों से जुड़े कई दावे परिवारों और राजनीतिक प्रतिनिधियों की ओर से सामने आए हैं, जबकि अमेरिकी नौसेना ने इनमें से प्रमुख दावों का खंडन किया है।