2027 चुनाव से पहले गुजरात कांग्रेस में बड़े बदलाव के संकेत! राहुल गांधी के करीबी नेता की एंट्री, कई नेताओं के कट सकते हैं पत्ते

Gujarat Assembly Election 2027: गुजरात विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर कांग्रेस हाईकमान ने अभी से तैयारियां तेज कर दी हैं। कर्नाटक और तेलंगाना में कांग्रेस की चुनावी रणनीति में अहम भूमिका निभाने वाले रणनीतिकार सुनील कानुगोलु को गुजरात की जिम्मेदारी सौंपे जाने के बाद प्रदेश कांग्रेस में बड़े संगठनात्मक बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।

सुनील कानुगोलु की एंट्री के साथ ही गुजरात कांग्रेस के चुनावी मोड में आने की चर्चा तेज हो गई है। सूत्रों के मुताबिक, हाईकमान जल्द ही गुजरात प्रदेश कांग्रेस के मौजूदा संगठनात्मक ढांचे में व्यापक बदलाव कर सकता है।

सुनील कानुगोलु को गुजरात की जिम्मेदारी

जहां भाजपा ने भी अपने संगठनात्मक स्तर पर बदलाव किए हैं, वहीं कांग्रेस में भी अगस्त के अंत तक बड़े फेरबदल की संभावना जताई जा रही है। कार्यकारी अध्यक्ष से लेकर विभिन्न मोर्चों के अध्यक्ष पद तक नए और सक्रिय चेहरों को जिम्मेदारी दिए जाने की चर्चा है।

सूत्रों के अनुसार, पार्टी में केवल पद संभालने वाले लेकिन संगठनात्मक रूप से निष्क्रिय नेताओं को हटाकर लंबे समय से पार्टी के लिए काम कर रहे सक्रिय और वफादार कार्यकर्ताओं को आगे लाने की रणनीति बनाई जा रही है।

2027 के लिए 50 संभावित उम्मीदवारों पर नजर

इस बार कांग्रेस विधानसभा चुनाव में टिकट वितरण को आखिरी समय तक टालने की रणनीति से बचना चाहती है। दिल्ली से मिले संकेतों के मुताबिक, 2017 और 2022 के विधानसभा चुनावों के प्रदर्शन के आधार पर करीब 50 मजबूत और संभावित उम्मीदवारों की पहचान की जा सकती है।

इन संभावित उम्मीदवारों को अभी से चुनावी तैयारी शुरू करने के लिए निजी तौर पर निर्देश दिए जाने की चर्चा है। पार्टी की ओर से उन्हें क्षेत्रवार चुनावी रोडमैप भी दिया जा सकता है और हाईकमान इन नेताओं की तैयारियों तथा प्रदर्शन पर नजर रखेगा।

गुजरात कांग्रेस के संगठन में हो सकता है बड़ा फेरबदल

कांग्रेस की नई रणनीति के तहत प्रदेश संगठन में कई पदों पर नए चेहरों को मौका दिए जाने की संभावना है। पार्टी का फोकस ऐसे नेताओं और कार्यकर्ताओं पर रहने की चर्चा है जो जमीनी स्तर पर सक्रिय हों और आगामी विधानसभा चुनाव में संगठन को मजबूत करने में भूमिका निभा सकें।

यदि यह बदलाव लागू होता है तो गुजरात कांग्रेस के मौजूदा संगठनात्मक ढांचे में बड़े स्तर पर फेरबदल देखने को मिल सकता है।

अहमदाबाद में विपक्ष के नेता का नाम जल्द तय होने के संकेत

अहमदाबाद समेत अन्य महानगरपालिकाओं में कांग्रेस अब तक विपक्ष के नेता का नाम तय नहीं कर पाई है। करीब तीन महीने बीतने के बावजूद फैसला लंबित रहने के पीछे पार्टी के भीतर चल रही खींचतान को वजह माना जा रहा है।

हालांकि, अहमदाबाद नगर निगम में विपक्ष के नेता के तौर पर निरव बक्षी का नाम लगभग तय माना जा रहा है। अहमदाबाद शहर के कांग्रेस विधायकों के भी उनके नाम पर सहमत होने की बात सामने आ रही है। ऐसे में अब केवल औपचारिक घोषणा बाकी रहने की संभावना जताई जा रही है।