
New Zealand Parliament Approves India FTA: भारत और न्यूजीलैंड के आर्थिक एवं रणनीतिक संबंधों में एक नया अध्याय जुड़ गया है। न्यूजीलैंड की संसद ने बुधवार को भारत के साथ मुक्त व्यापार समझौते (FTA) को लागू करने से संबंधित विधेयक को बहुमत से मंजूरी दे दी। इस समझौते के तहत दोनों देशों के बीच बड़ी संख्या में वस्तुओं पर आयात शुल्क में कटौती की जाएगी, जिससे द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
भारी बहुमत से पारित हुआ विधेयक
न्यूजीलैंड की संसद में विधेयक के पक्ष में 93 वोट पड़े, जबकि 29 सांसदों ने इसका विरोध किया। मुख्य विपक्षी लेबर पार्टी ने भी भारत के साथ व्यापारिक संबंध मजबूत करने के उद्देश्य से समझौते का समर्थन किया।
समझौते के तहत न्यूजीलैंड से भारत आने वाले लगभग 95 प्रतिशत निर्यात पर लागू शुल्क को या तो पूरी तरह समाप्त किया जाएगा या काफी कम किया जाएगा। समझौते के लागू होने के बाद आधे से अधिक उत्पादों पर सीमा शुल्क तुरंत शून्य होने की बात कही गई है।
15 वर्षों में भारत में 20 अरब डॉलर के निवेश की प्रतिबद्धता
न्यूजीलैंड के व्यापार मंत्री टॉड मैक्ले ने समझौते को लेकर खुशी जताई। उनके अनुसार, यह समझौता इसी वर्ष लागू हो जाएगा।
समझौते के तहत न्यूजीलैंड ने अगले 15 वर्षों में भारत में 20 अरब अमेरिकी डॉलर के निवेश की प्रतिबद्धता जताई है। इससे दोनों देशों के बीच निवेश और व्यापारिक संबंधों को और विस्तार मिलने की उम्मीद है।
अप्रैल में हुआ था समझौता
भारत और न्यूजीलैंड ने इसी वर्ष अप्रैल में मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर किए थे। जून 2026 तक उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 3.99 अरब न्यूजीलैंड डॉलर तक पहुंच चुका था।
FTA लागू होने के बाद दोनों देशों के कारोबारियों को बाजार तक बेहतर पहुंच मिलने और कई उत्पादों पर शुल्क संबंधी बाधाएं कम होने की उम्मीद है।
संपादकीय नोट: आपके दिए गए मसौदे में “भारत से न्यूजीलैंड भेजे जाने वाले सभी सामान को 100% शुल्क-मुक्त प्रवेश” कहा गया है, जबकि उसी मसौदे में न्यूजीलैंड से भारत आने वाले लगभग 95% निर्यात पर शुल्क में कमी की बात है। इसलिए ऊपर के लेख में इसे व्यापक रूप से “बड़ी संख्या में वस्तुओं पर शुल्क में कटौती” के रूप में लिखा गया है, ताकि परस्पर विरोधी दावे को तथ्य के रूप में न दोहराया जाए।



