सोना ₹1.54 लाख के पार, चांदी ₹2.40 लाख के करीब, वायदा बाजार में अचानक तेजी की क्या है वजह?

Gold and Silver Price News: भारतीय वायदा बाजार यानी MCX में आज सोने और चांदी की कीमतों में जोरदार तेजी देखने को मिल रही है। कारोबार के दौरान सोने में ₹1,823 यानी 1.20% की बढ़त दर्ज की गई, जिसके बाद इसकी कीमत फिर से ₹1.50 लाख के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार करते हुए ₹1,54,225 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गई।

वहीं, चांदी में भी ₹3,234 यानी 1.37% की तेजी आई है। इसके साथ चांदी ₹2,39,500 प्रति किलोग्राम के स्तर पर कारोबार करती नजर आई और ₹2.40 लाख के ऑल-टाइम हाई के बेहद करीब पहुंच गई।

सातम के दिन सोने-चांदी में जबरदस्त तेजी

आज सातम के मौके पर भी MCX में दोनों कीमती धातुओं में तेजी बनी हुई है।

सोने का भाव

MCX के आंकड़ों के मुताबिक, सोने का पिछला बंद भाव ₹1,52,402 था। आज बाजार खुलते ही यह ₹1,53,799 पर पहुंच गया।

कारोबार के दौरान सोने ने ₹1,53,476 के निचले स्तर से रिकवरी करते हुए ₹1,54,225 के ऊपरी स्तर को छुआ।

चांदी का भाव

चांदी का पिछला बंद भाव ₹2,36,266 था। आज यह ₹2,38,229 पर खुली।

दिन के कारोबार में चांदी ने ₹2,37,980 के निचले स्तर से तेजी पकड़ी और बढ़कर ₹2,39,500 प्रति किलोग्राम के उच्च स्तर तक पहुंच गई।

सोने-चांदी में अचानक तेजी की सबसे बड़ी वजह क्या है?

कीमती धातुओं में इस तेजी के पीछे सबसे बड़ा कारण अमेरिका से आए कमजोर आर्थिक आंकड़े और अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कटौती की बढ़ती उम्मीदें बताई जा रही हैं।

हाल ही में जारी ADP Private Payrolls के आंकड़े उम्मीद से कमजोर रहे। इससे अमेरिकी श्रम बाजार में सुस्ती के संकेत मिले हैं। कमजोर रोजगार आंकड़ों के बाद बाजार में यह उम्मीद मजबूत हुई है कि अमेरिकी फेड आने वाली बैठकों में ब्याज दरों में कटौती कर सकता है।

डॉलर और बॉन्ड यील्ड में गिरावट का मिला फायदा

कमजोर अमेरिकी आर्थिक आंकड़ों के बाद डॉलर और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड पर दबाव आया है। आमतौर पर डॉलर और बॉन्ड यील्ड में कमजोरी सोने-चांदी के लिए सकारात्मक मानी जाती है।

निवेशक ऐसे माहौल में बिना ब्याज देने वाली कीमती धातुओं को अधिक आकर्षक मान सकते हैं। इसके अलावा, वैश्विक स्तर पर जारी भू-राजनीतिक तनाव ने भी सोने की Safe-Haven Demand को मजबूत किया है।

क्या आगे भी जारी रह सकती है तेजी?

बाजार की नजर अब अमेरिकी आर्थिक आंकड़ों और फेड के अगले ब्याज दर फैसले पर रहेगी। यदि अमेरिकी अर्थव्यवस्था में कमजोरी के और संकेत मिलते हैं और ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद बढ़ती है, तो सोने-चांदी को आगे भी सपोर्ट मिल सकता है।

हालांकि, डॉलर, बॉन्ड यील्ड, कच्चे तेल और वैश्विक भू-राजनीतिक घटनाक्रम में बदलाव से कीमतों में तेज उतार-चढ़ाव भी देखने को मिल सकता है।

नोट: MCX के वायदा भाव बाजार के दौरान लगातार बदलते रहते हैं। ऊपर दिए गए आंकड़े उपलब्ध कारोबारी आंकड़ों के आधार पर हैं।