
Bardoli Sugar Mill Election Results: सूरत जिले के बारडोली में स्थित एशिया की सबसे अधिक गन्ना पेराई क्षमता वाली बारडोली शुगर फैक्ट्री की प्रबंध समिति की 15 सीटों के लिए सामान्य चुनाव हुआ। पिछले 10 वर्षों से सत्ता में रही भाजपा समर्थित ‘सहकार पैनल’ को इस चुनाव में करारी हार का सामना करना पड़ा, जबकि ‘किसान परिवर्तन पैनल’ ने शानदार जीत दर्ज की।
सहकार पैनल की एक सीट निर्विरोध होने के बाद बाकी सीटों के लिए हुए मतदान में उसके उम्मीदवारों को 263 से 564 मतों के बड़े अंतर से हार का सामना करना पड़ा। इस परिणाम के साथ बारडोली शुगर मिल में एक दशक बाद सत्ता परिवर्तन हुआ है।
विधायक ईश्वर परमार और भाजपा पदाधिकारियों को भी हार
श्री किसान सहकारी शुगर इंडस्ट्रीज मंडली लिमिटेड (बारडोली शुगर) के चुनाव में पिछले 10 वर्षों से सत्ता संभाल रही सहकार पैनल के कई प्रमुख नेता मैदान में थे।
इसमें सूरत जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष और सूरत जिला भाजपा उपाध्यक्ष भावेश पटेल, सूरत जिला किसान समाज के अध्यक्ष परिमल पटेल तथा पूर्व कैबिनेट मंत्री और बारडोली से भाजपा विधायक ईश्वर परमार समेत पैनल के सभी प्रमुख निदेशक चुनाव मैदान में उतरे थे।
हालांकि, मुकेश पटेल के नेतृत्व वाली किसान परिवर्तन पैनल ने भाजपा समर्थित सभी प्रमुख नेताओं को शिकस्त देकर मिल में सत्ता परिवर्तन कर दिया।
20 साल से विदेश में रह रहे सदस्य ने अमेरिका से आकर चुनाव लड़ा और जीते
बारडोली शुगर फैक्ट्री में नौकरी करने के बाद पिछले 20 वर्षों से विदेश में रह रहे किसान सदस्य विनोदचंद्र पटेल भी अमेरिका से भारत आए और परिवर्तन पैनल की ओर से बारडोली सीट से चुनाव लड़ा।
उन्होंने सहकार पैनल के गिरीश पटेल को 403 मतों के बड़े अंतर से हराकर जीत दर्ज की।
इस चुनाव में भी हर बार की तरह विदेश में बसे किसान सदस्यों की भूमिका निर्णायक रही। उनके मतदान ने चुनावी नतीजों को प्रभावित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और अंततः किसान परिवर्तन पैनल को सत्ता तक पहुंचाने में मदद की।



