
हुरुन इंडिया रिच लिस्ट में सलमान खान की एंट्री, जुही चावला और करण जौहर सूची से बाहर; अमिताभ बच्चन दूसरे स्थान पर
मुंबई। बॉलीवुड सुपरस्टार शाहरुख खान की संपत्ति में इस साल 2,490 करोड़ रुपये की कमी दर्ज होने के बावजूद वह हुरुन इंडिया रिच लिस्ट में सबसे अमीर सेलिब्रिटीज की सूची में शीर्ष स्थान पर बने हुए हैं। 2025 की सूची में शाहरुख खान की संपत्ति 12,490 करोड़ रुपये बताई गई थी, जबकि इस साल यह घटकर करीब 10,000 करोड़ रुपये रह गई है।
शाहरुख खान 10,000 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ पहले स्थान पर
हुरुन इंडिया रिच लिस्ट के मुताबिक, शाहरुख खान करीब 10,000 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ बॉलीवुड के सबसे अमीर सेलिब्रिटीज में पहले स्थान पर हैं। संपत्ति में बड़ी कमी के बावजूद वह सूची में अपनी शीर्ष स्थिति बनाए रखने में सफल रहे हैं।
अमिताभ बच्चन की संपत्ति में 1,630 करोड़ रुपये का इजाफा
सूची में दूसरे स्थान पर अमिताभ बच्चन हैं। उनकी संपत्ति बढ़कर करीब 4,000 करोड़ रुपये हो गई है। रिपोर्ट के अनुसार, पिछले वर्ष की तुलना में अमिताभ बच्चन की संपत्ति में करीब 1,630 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी हुई है।
सलमान खान की पहली बार हुरुन रिच लिस्ट में एंट्री
बॉलीवुड अभिनेता सलमान खान ने पहली बार हुरुन इंडिया रिच लिस्ट में जगह बनाई है। करीब 3,000 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ वह सूची में तीसरे स्थान पर हैं। इसके बाद करीब 2,500 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ अभिनेता ऋतिक रोशन का स्थान है।
करण जौहर और जुही चावला इस बार सूची से बाहर
इस साल की सूची में कुछ बड़े नामों को जगह नहीं मिली है। करीब 1,880 करोड़ रुपये की संपत्ति वाले फिल्म निर्माता करण जौहर और करीब 7,790 करोड़ रुपये की संपत्ति वाली जुही चावला इस बार हुरुन इंडिया रिच लिस्ट में शामिल नहीं हैं।
फिल्म निर्माताओं में नरेश मल्होत्रा सबसे आगे
फिल्म निर्माताओं की सूची में नरेश मल्होत्रा करीब 16,000 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ शीर्ष पर बताए गए हैं। वह फिल्म निर्माता नमित मल्होत्रा के पिता हैं, जो रणबीर कपूर अभिनीत फिल्म रामायण के निर्माता हैं।
निर्माताओं की सूची में नरेश मल्होत्रा के अलावा भूषण कुमार, रॉनी स्क्रूवाला और कलानिधि मारन जैसे नाम भी शामिल हैं।
नोट: संपत्ति के ये आंकड़े हुरुन इंडिया रिच लिस्ट में प्रकाशित आकलन पर आधारित हैं। सेलिब्रिटी की संपत्ति में बदलाव बाजार मूल्य, कारोबारी हिस्सेदारी, निवेश और अन्य परिसंपत्तियों के मूल्यांकन के कारण हो सकता है।



